Priyadarshini Bank : प्रियदर्शिनी बैंक घोटाले का मामला एक बार फिर पकड़ने लगा जोर , नारको टेस्ट के बाद पहली सुनवाई हुई


Priyadarshini Bank : रायपुर। विधानसभा चुनाव के ठीक पहले बहुचर्चित इंदिरा प्रियदर्शिनी बैंक घोटाले का मामला एक बार फिर जोर पकड़ने लगा है। नारको टेस्ट के बाद अब इस मामले में आज पहली सुनवाई हुई है। मामले में शामिल सभी 12 आरोपियों को बुलाया गया था। पर कोई भी सुनवाई के लिए यहां नही पहुंचा। जिसके बाद अब कोर्ट ने सभी आरोपियों को 11 अगस्त को कोर्ट में हाजिर होने को कहा है।

राजधानी के बहुचर्चित बैंक घोटाले 17 सालो से लंबित पड़ा इंदिरा प्रियदर्शिनी महिला नागरिक सहकारी बैंक घोटाले मामले में सुनवाई हुई है। न्यायिक मजिस्ट्रेट भूपेश कुमार बसंत के चेंबर में सभी को बुलाया गया था। पर कोई भीं आरोपी नही पहुंचा। घोटाले में मुख्य रूप से शामिल सभी 12 आरोपी बीमारी का हवाला देकर सुनवाई से बचते नजर आए है।

Priyadarshini Bank : हालही में हुए तत्कालीन मैनेजर उमेश सिन्हा के नार्काेे टेस्ट के बाद जो सीडी सामने आई है। उसमे सरकार के कई बड़े ओहदेदार लोगो के नाम सामने आए है। इस मामले में उप महाधिवक्ता संदीप दुबे ने बताया की अलग अलग कारणों से सभी आरोपी सुनवाई से बचते नजर आ रहे है। अब कोर्ट ने इन्हे 11 अगस्त का समय दिया है। उस दिन सभी आरोपियों को कोर्ट में सुनवाई के लिए आना होगा। इस मामले में नार्को, पॉलीग्राफी और ब्रेन मैपिंग तीनो टेस्ट हुआ। 2007 में टेस्ट हुआ और 2008 में लीक हो गया था। बैंगलोर से आने में 11 साल लगा, सीडी के आधार पर आगे जांच की जाएगी।